वीरभद्र को फोन कर बोले शांता: राज्यपाल से दुव्यर्वहार दुर्भाग्यपूर्ण, विधायकों से माफ़ी मांगने को कहें

Ticker

6/recent/ticker-posts

adv

वीरभद्र को फोन कर बोले शांता: राज्यपाल से दुव्यर्वहार दुर्भाग्यपूर्ण, विधायकों से माफ़ी मांगने को कहें

शिमला/पालमपुर। हिमाचल प्रदेश के पूर्व सीएम शांता कुमार ने हिमाचल विधानसभा के प्रवेशद्वार पर राज्यपाल के साथ हुए दुर्व्यवहार के मसले पर प्रदेश के 6 बार सीएम रह चुके वरिष्ठ कांग्रेस नेता वीरभद्र सिंह से फोन कर बात की। इस दौरान शांता कुमार ने कहा कि उनसे आग्रह किया है कि राज्यपाल से दुव्यर्वहार अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। वह कांग्रेस विधायकों को इसके लिए क्षमा याचना के लिए कहें।

यह भी पढ़ें: बजट सत्र: बीजेपी के अनिल शर्मा ने अपने ही मंत्री को घेरा, बीच में कूदे सीएम जयराम ने दिया जवाब

यह स्पष्ट रूप से भारत के संविधान का अपमान है। इतना बड़ा अपराध करने के बाद जिद से खड़े रहना और भी दुर्भाग्यपूर्ण है। कांग्रेस विधायक क्षमा याचना करेंगे तो उनका कद छोटा न होकर बड़ा होगा। शांता कुमार ने कहा पूरे प्रदेश में इस पर विरोध प्रदर्शन व पुतले जलाए जाने की घटना और भी दुर्भाग्यपूर्ण है। एक अपराध को ठीक ठहराने के लिए और भी अधिक अपराध हो रहे हैं। उन्होंने वीरभद्र सिंह से आग्रह किया है कि वे इस संबंध में पहल करें और हिमाचल को इस बदनामी से बचाएं।

शांता कुमार ने कहा ककी वह इस वाकये से और उसके बाद होने वाली सभी घटनाओं से बहुत अधिक आहत हुए हैं। हिमाचल प्रदेश के इतिहास में इस प्रकार की दुर्भाग्यपूर्ण घटना पहली बार घटी है। उन्होंने कहा राज्यपाल किसी पार्टी का नहीं होता। प्रदेश में संवैधानिक प्रमुख के रूप में वह भारत के संविधान का प्रतीक होता है। राज्यपाल से दुर्व्यवहार भारत के संविधान का अपमान है। यह बहुत बड़ा अपराध है।

यह भी पढ़ें: बड़ी खबर: पूर्व सीएम वीरभद्र सिंह ने लगवाया कोरोना का टीका

शांता कुमार ने कहा कि आज से 50 साल पहले मैं पहली बार हिमाचल विधानसभा का सदस्य बना था। डाक्‍टर यशवंत सिंह परमार सीएम थे। हिमाचल विधानसभा अपने अच्छे व्यवहार के कारण पूरे भारत में प्रसिद्ध थी। इस बार इस घटना ने हिमाचल प्रदेश को पूरे देश में बदनाम किया है।

हिमाचल प्रदेश से जुडी हर अपडेट पाने के लिए यहां क्लिक कर डाउनलोड करें News 4 Himalayans का मोबाइल एप 

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ