हिमाचल की बेटी बनी लेफ्टिनेंट, कमांड अस्पताल में देंगी सेवाएं

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हिमाचल की बेटी बनी लेफ्टिनेंट, कमांड अस्पताल में देंगी सेवाएं


 बिलासपुरः
हिमाचल प्रदेश के युवा अपनी मेहनत और लगन के चलते अपना व अपने क्षेत्र का नाम रोशन कर रहे हैं। ऐसा ही कर दिखाया है बिलासपुर जिले के नैना देवी स्थित स्वारघाट उपमंडल के गांव कोलां वाला टोबा की रहने वाली आस्था देवलस ने। बता दें कि आस्था देवलस का चयन चंडीगढ़ स्थित कमांड अस्पताल में बतौर लेफ्टिनेंट के पद पर हुआ है। 

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कमांड अस्पताल में देंगी सेवाएं

मिली जानकारी के मुताबिक आस्था ने ऑल इंडिया लेवल पर होने वाली एमएनएस (सैन्य नर्सिंग सेवा) की परिक्षा को पास कर सशस्त्र बल मेडिकल कॉलेज में 4 साल की ट्रेनिंग ली। जहां से पास आउट होने के बाद उनकी तैनाती कमांड हॉस्पिटल चंडीगढ़ में हुई है। उनकी इस सफलता से परिवार व इलाके में खुशी की लहर दौड़ पड़ी है। 

मंदिर में अधीक्षक हैं पिता

आस्था के पिता अश्वनी कुमार मंदिर न्यास श्री नैना देवी जी में अधीक्षक के पद पर कार्यरत हैं, जबकि उनकी माता अरुणा देवी गृहिणी हैं। वहीं, आस्था देवलस ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता- पिता व गुरुओं को दिया है। वे कहती हैं कि कड़ी मेहनत व लगन के चलते उनका सपना पूर्ण हो पाया है।  

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आस्था का जन्म 7 दिसंबर 1999 को हुआ है। उन्होंने अपनी दसवीं की पढ़ाई माउंट कार्मेल स्कूल जिंदबड़ी से की। इसके उपरांत उन्होंने अपनी आगामी शिक्षा भाई नंदलाल पब्लिक स्कूल आनंदपुर साहिब से ग्रहण की। इसके उपरांत अपने सपने को पूरा करने के लिए आस्था ने टेस्ट की तैयारी शुरु की। वहीं, अब आस्था कमांड अस्पताल में बतौर लेफ्टिनेंट अपनी सेवाएं देंगी। 

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